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28 Mar 2026, Sat

बांग्लादेश में डॉ. यूनुस के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने की घोषणा

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ढाका: ढाका से एक अहम राजनीतिक बयान सामने आया है। बांग्लादेश मुस्लिम लीग के अध्यक्ष और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता Mohsin Rashid

ने पूर्व अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार Muhammad Yunus के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने की घोषणा की है। उनका आरोप है कि डॉ. यूनुस की गतिविधियां न केवल संविधान का उल्लंघन हैं, बल्कि राष्ट्रद्रोह की श्रेणी में आती हैं। उन्होंने कहा कि यदि सरकार आवश्यक कदम नहीं उठाती, तो वह स्वयं कानूनी कार्रवाई करेंगे।

यह घोषणा वरिष्ठ पत्रकार मन्ज़ुरुल आलम पन्ना के यूट्यूब चैनल ‘मानचित्र’ पर एक कार्यक्रम के दौरान की गई।

मोहसिन रशिद ने कहा कि प्रधानमंत्री पद रिक्त होने के बाद राष्ट्रपति ही एकमात्र संवैधानिक पद पर बने हुए थे। ऐसे में राष्ट्रपति से समुचित संवाद न रखना, महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णयों से पहले उन्हें अवगत न कराना और संवैधानिक परंपराओं की अनदेखी करना गंभीर उल्लंघन है। उनके अनुसार, यह केवल संविधान का हनन नहीं बल्कि देशद्रोह है।

उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रपति को उनके संवैधानिक दायित्वों का स्वतंत्र रूप से निर्वहन करने का अवसर नहीं दिया गया। उन्हें मानसिक दबाव में रखा गया और कुछ दस्तावेजों पर दबाव डालकर हस्ताक्षर कराए गए। रशिद ने कहा कि यदि राष्ट्रपति सहयोग न करते तो देश में संवैधानिक संकट उत्पन्न हो सकता था। राष्ट्रपति राष्ट्र का प्रतीक होते हैं और उनके साथ असम्मानजनक व्यवहार करना राज्य की गरिमा को ठेस पहुंचाना है।

उन्होंने यह भी दावा किया कि एक पूर्व सलाहकार ने राष्ट्रपति को ‘चोर’ तक कहा, जबकि उसी सलाहकार ने उनसे शपथ ली थी। प्रेस विंग हटाने, बंगभवन घेराव और राष्ट्रपति को हटाने की कोशिशों को उन्होंने राज्य की मर्यादा के खिलाफ बताया। इन घटनाओं में डॉ. यूनुस की भूमिका या मौन समर्थन की जांच के लिए उन्होंने एक स्वतंत्र जांच समिति या आयोग गठित करने की मांग की।

रशिद ने कहा कि डॉ. यूनुस के नेतृत्व वाली सलाहकार परिषद के कुछ सदस्यों की भी जांच होनी चाहिए। उनके मुताबिक, राज्य कोई खेल का मैदान नहीं है और यह देखना जरूरी है कि कहीं राष्ट्रहित को नुकसान तो नहीं पहुंचा।

उन्होंने संविधान के अनुच्छेद 106 को चुनौती देने के मामले में अदालत जाने की भी जानकारी दी और कहा कि फैसले की प्रमाणित प्रति मिलने के बाद वह पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में कोई अवैध या असंवैधानिक अंतरिम सरकार न बने, इसके लिए सतर्क रहना होगा।

मोहसिन रशिद ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार जांच समिति का गठन नहीं करती है, तो वह विधिवत नोटिस देकर स्वयं मामला दर्ज करेंगे और डॉ. यूनुस को पक्षकार बनाएंगे।

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